Sep 24 2019 /
2:31 PM

Category: धर्म ज्योतिष

आचार्य श्री विद्यानन्द जी मुनिराज का उत्तम समाधि मरण, तीन बार इंदौर आये थे

इंदौर के गोम्मट गिरी का निर्माण उन्ही के सानिध्य में हुआ था
नईदिल्ली। परम पूज्य श्वेतपिच्छाचार्य सिद्धान्त चक्रवर्ती आचार्य श्री विद्यानन्द जी मुनिराज का 22 सितंबर रविवार को 2:40 प्रातः

10 किलो सोना, 2 हजार किलो चांदी व तांबे से तैयार माँ वैष्णोदेवी का स्वर्ण द्वार

कटरा। मातारानी वैष्णो देवी के दर्शनों के लिए जम्मू कश्मीर के कटरा जाने वाले श्रद्धालुओं के लिए खुशखबरी है। अब 10 किलो सोना, 2 हजार किलो चांदी व तांबे से माँ वैष्णोदेवी का स्वर्ण द्वार तैय

18 सितंबर से शनि वक्री से हो जाएंगे मार्गी, जानिए क्या क्या होंगे बदलाव..

न्याय के देवता शनि देव 142 दिन की उल्टी चाल (वक्री) के बाद इसी महीने आगामी 18 सितंबर 2019 को सुबह 11 बजकर 48 मिनट पर धनु राशि मे मार्गी होने जा रहे हैं। इससे पहले शनि ग्रह 30 अप्रैल 2019 के दिन शाम 6 बजकर 25 मिनट प

खजराना मन्दिर पर मिलेंगे 550 रुपये में गणेशजी के चांदी के सिक्के, गणेश चतुर्थी महोत्सव का शुभारंभ

इंदौर। सुप्रसिद्ध खजराना मन्दिर पर भक्तों को 550 रुपये में गणेशजी के चांदी के सिक्के मिलेंगे। सोमवार को यहां पर गणेश चतुर्थी महोत्सव का शुभारंभ अवसर पर इन सिक्कों की बिक्री की भी शुरुआत

जानिए 2 सितंबर को गणेश चतुर्थी पर किस मुहूर्त में करें विघ्न विनायक की स्थापना

🐘लम्बोदरं परम सुन्दर एकदन्तं, पीताम्बरं त्रिनयनं परमंपवित्रम् । उद्यद्धिवाकर निभोज्ज्वल कान्ति कान्तं, विध्नेश्वरं सकल विघ्नहरं नमामि।।🐘
🌴श्री गणेश अवतरण दिवस दो सितंबर 2019 सोमव

इंदौर में धूमधाम से निकली देवी अहिल्या की पालकी, जगह जगह हुआ स्वागत

इंदौर। देवी अहिल्याबाई होलकर की 224वीं पुण्यतिथि पर गुरुवार शाम को पालकी यात्रा लाव लश्कर के साथ निकली। लोकसभा स्पीकर व अहिल्या उत्सव समिति की अध्यक्ष सुमित्रा महाजन और पालकी यात्रा क

1 सितंबर को हरितालिका तीज व्रत करना उचित

भाद्रपद मास शुक्ल पक्ष तृतीया हरतालिका व्रत को लेकर संशय की स्थिति है लेकिन एक सितंबर 3019 रविवार यह व्रत किया जाना शास्त्रसम्मत कहा जा रहा है। हमारे शास्त्रो मे तिथि निर्णय अनुसार जब कोई तिथ

रिमझिम फुहारों के बीच निकली बाबा महाकाल की शाही सवारी, लाखों भक्त दर्शन के लिए उमड़े, करिए बाबा के दर्शन

उज्जैन। सोमवार को रिमझिम फुहारों में उज्जैन में बाबा महाकाल की शाही सवारी निकली। उनके दर्शनों की एक झलक पाने के लिए बरसते पानी के बावजूद लाखों की संख्या में भक्त दर्शन के लिए उमड़ पड़े।