May 26 2019 /
9:13 AM

इंदौर के मल्हारगंज में चल रहा था सट्टे का अड्डा, सरगना सहित 14 गिरफ्तार

आरोपियों से नगदी सहित, सट्टा पर्चियां व लाखों के हिसाब किताब के दस्तावेज बरामद

इंदौर। क्राइम ब्रांच ने इंदौर के मल्हारगंज क्षेत्र के एक मकान में चल रहे सट्टे के अड्डे पर बुधवार को दबिश दी। यहां से सट्टे का अड्डा चलाने वाले सरगना सहित 14 लोगों को गिरफ्तार किया गया। यहां से लाखों का हिसाब किताब भी मिला है।

एडिशनल एसपी क्राइम अमरेंद्र सिंह ने बताया कि मुख्य आरोपी कल्याण नामक सट्टे को संचालित करता था। वह 8 बार पहले भी पकड़ा जा चुका है।

एसरसपी रुचिवर्धन मिश्र, पुलिस अधीक्षक (मुख्यालय) अवधेश कुमार गोस्वामी के निर्देशन में यह कार्रवाई की गई। मुखबिर से सूचना मिली कि मल्हारगंज क्षेत्र की गली नम्बर 03 में सट्टा पर्ची वितरित कर अंको पर दाव लगाकर अवैध रूप से सट्टे का कारोबार कर लम्बे समय से हो रहा है जहाँ बड़ी संख्या में सटोरिये रोजाना आते जाते हैं। इस पर यहां दविश दी गई।

ये पकड़े गए

यहां से जो गिरफ्तार हुए इनमे सरगना संतोष कसेरा पिता मोहन कसेरा उम्र 42 साल निवासी मल्हारगंज है। उसके अलावा सुरेश लोहरी पिता पंचमलाल निवासी बड़ा गणपति, लक्ष्मी शंकर पिता राजाराम निवासी 48, भीस्ती मोहल्ला,

मांगीलाल पिता गुलाबचन्द्र निवासी गणेशगंज बड़ा गणपति, भगवान पिात छोटेलाल चंदेल, 6.कालू पिता शिवप्रकाश पांचाल निवासी सीताराम बाग, सोनू उर्फ हेमंत पिता किशनलाल कौशल निवासी राजमोहल्ला टार्जन कॉलोनी,

लाली पिता उस्मान गनी निवासी राजकुमार सिरपुर बाग, राजेश पिता बाबूलाल राठौर निवासी 43 राजनगर एरोड्रम इंदौर, घोड़ा उर्फ भुरू पिता गंगाराम राठौर निवासी रामनगर थाना एरोड्रम,, प्रदीप पिता सूरजमल जैन निवासी 45 एलएनसिटी गांधीनगर, अशोक पिता रामाशीष चौहान निवासी 489 ऋषि पैलेस द्वारिकापुरी, संतोष पिता हम्माल राम प्रजापति निवासी 7 सी सुविधि नगर बागंड़दा रोड इंदौर और रमेश पिता गोपाल वर्मा निवासी 33/2 रामनगर इंदौर है।

आरोपियों की तलाशी लेने पर उनके कब्जे से 9 हजार नगदी, दर्जनों की संख्या में सट्टा पर्चिंयां व तथा अन्य दस्तावेज बरामद हुये।
आरोपियों से की गई पूछताछ में ज्ञात हुआ कि आरोपी संतोष कसेरा सट्टे के अवैध कारोबार का सरगना है जो कि लम्बे समय से यह कारोबार करता आ रहा है।

आरोपी संतोष कसेरा पर पूर्व में भी 08 अपराध सट्टा अधिनियम के तहत पंजीबद्ध किये जा चुके है। आरोपी कल्याण नामक सट्टे को ऑनलाईन संचालित करने के साथ ही सट्टा पर्चियों के माध्यम से अपने घर बैठे धंधा चला रहा था।

Spread the love

इंदौर